Tuesday, 27 June 2017

1-940 वो लम्हा जो तेरे साथ

वो लम्हा जो तेरे साथ गुज़रा ही नहीं,
क्यों मैं उसका तस्सव्वुर किये बैठा हूँ..(वीरेंद्र)/1-940


वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"

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