Thursday, 21 April 2016

2-413 देशद्रोही गद्दारों का होंसला

देशद्रोही गद्दारों का होंसला आजकल बेतहाशा बढ़ गया है,
उनकी किस्मत अच्छी है जो हम लोगों का खून जम गया है.(वीरेंद्र)/2-413


रचना: वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी" 

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