Thursday, 31 March 2016

2-401 चूहा जुलाहा बना

चूहा जुलाहा बना, उसके हाथ कत्तर लग गई,
अँधा शिकारी बना, उसके हाथ बटेर लग गई,
कुत्ते की पूँछ १२ साल में भी सीधी नहीं होती,
दिल्ली की जनता को ये मानने में देर लग गई..(वीरेंद्र)/2-401
रचना: वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"

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