Friday, 5 February 2016

2-361 औरत को तूने ये कौनसी

औरत को तूने ये कौनसी इज़्ज़त अताह फ़रमा दी ऐ खुदा,
वो बच्चा जनती रह जाए और बाप परिंदा बनके उड़ जाये..(वीरेंद्र)/2-361

रचना: वीरेंद्र सिन्हा "अजनबी"

No comments:

Post a Comment